Monday, October 02, 2006

बापू तुमको कोटि प्रणाम

गाँधी के लिए ना रोओ,
गाँधी जीवित हैं,

गाँधी ना कभी मर पायेगा,
वोह युग सीमाओं में ना कभी बंध पायेगा,

गाँधी आया था प्रथम किरण के साथ यहाँ,
वो महाप्रलय के अंतिम दिन ही जायेगा.

Gandhi is not just an individual. He is a thought, the very human nature. As long as we are on this earth these basic traits can never die.